अगर आप भी दिन की शुरुआत एक कप कॉफी से करते हैं या काम के बीच आने वाली सुस्ती को दूर करने के लिए कॉफी का सहारा लेते हैं, तो यह खबर आपके लिए है। न्यूट्रिशनिस्ट पूजा मखिया के मुताबिक, कॉफी और डार्क चॉकलेट का कॉम्बिनेशन सिर्फ स्वाद के लिए ही नहीं, बल्कि फोकस, एनर्जी और मूड को बेहतर बनाने के लिए भी फायदेमंद हो सकता है।
सोशल मीडिया पर शेयर किए गए एक वीडियो में पूजा मखिया ने बताया कि कॉफी में मौजूद कैफीन हमारे सेंट्रल नर्वस सिस्टम को सक्रिय करता है। इससे दिमाग ज्यादा अलर्ट रहता है, ध्यान केंद्रित करने की क्षमता बढ़ती है और शरीर को तुरंत एनर्जी मिलती है। यही वजह है कि कॉफी पीने के बाद थकान और सुस्ती कम महसूस होती है।
वहीं डार्क चॉकलेट में फ्लेवोनोल्स और थियोब्रोमाइन जैसे तत्व पाए जाते हैं। ये शरीर में ब्लड सर्कुलेशन को बेहतर बनाने में मदद करते हैं और मूड को पॉजिटिव बनाए रखने में सहायक माने जाते हैं। डार्क चॉकलेट का सेवन तनाव को कम करने और मानसिक ताजगी बनाए रखने में भी मदद कर सकता है।
न्यूट्रिशनिस्ट के अनुसार, जब कॉफी और डार्क चॉकलेट को एक साथ लिया जाता है, तो दोनों के गुण मिलकर बेहतर असर दिखाते हैं। जहां कॉफी तुरंत फोकस और एनर्जी बढ़ाती है, वहीं डार्क चॉकलेट उस एनर्जी को लंबे समय तक बनाए रखने में मदद करती है। इससे व्यक्ति ज्यादा समय तक एक्टिव, फोकस्ड और बेहतर मूड में रह सकता है।
पूजा मखिया का कहना है कि डार्क चॉकलेट में मौजूद थियोब्रोमाइन शरीर को धीरे-धीरे और स्थिर तरीके से ऊर्जा देता है, जबकि कॉफी का कैफीन तुरंत असर दिखाता है। यही कारण है कि यह कॉम्बिनेशन कई लोगों के लिए मानसिक प्रदर्शन और उत्पादकता बढ़ाने में मददगार साबित हो सकता है।
हालांकि, विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि कॉफी और डार्क चॉकलेट का सेवन संतुलित मात्रा में ही करना चाहिए। जरूरत से ज्यादा कैफीन का सेवन नींद, बेचैनी और स्वास्थ्य संबंधी अन्य समस्याओं का कारण बन सकता है। सही मात्रा में लिया जाए तो यह कॉम्बिनेशन आपके दिन को ज्यादा ऊर्जावान और उत्पादक बना सकता है।