मिलेनियम सिटी गुरुग्राम की तेज रफ्तार जिंदगी शुक्रवार शाम अचानक थम गई, जब बड़े बिजली संकट की वजह से शहर के कई इलाके अंधेरे में डूब गए। शाम करीब 7:50 बजे रैपिड मेट्रो सेवाएं पूरी तरह बाधित हो गईं, जिससे ऑफिस से लौट रहे हजारों यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
भीषण गर्मी के बीच कई लोग मेट्रो ट्रेन के अंदर फंसे रहे, जबकि कुछ यात्रियों को अपनी जान जोखिम में डालकर एलिवेटेड मेट्रो ट्रैक पर पैदल चलकर अगले स्टेशन तक पहुंचना पड़ा। रैपिड मेट्रो सेवाएं करीब 8:33 बजे तक प्रभावित रहीं, जबकि साइबर सिटी समेत कई इलाकों में रात 10 बजे तक बिजली गुल रही।
जानकारी के मुताबिक सेक्टर-72 सबस्टेशन में ट्रांसफॉर्मर सर्किट में तेल रिसाव हो रहा था। इससे पहले कि सुरक्षा के तहत ब्रेकर ट्रिप किया जाता, ट्रांसफॉर्मर में जोरदार धमाका हुआ और उसमें आग लग गई। इस हादसे के बाद कई सबस्टेशन बंद हो गए, जिससे सेक्टर-15, 38, 44, 46, 52, 56 और मारुति क्षेत्र समेत कई इलाकों की बिजली सप्लाई ठप हो गई।
सेक्टर-72 सबस्टेशन से ही रैपिड मेट्रो और दिल्ली मेट्रो की येलो लाइन के गुरुग्राम सेक्शन को बिजली मिलती है। हालांकि दिल्ली मेट्रो की येलो लाइन को स्टैंडबाय सबस्टेशन के जरिए चलाया गया, जिससे वहां सेवाएं सामान्य बनी रहीं। करीब ढाई घंटे बाद रात 10:10 बजे तक बिजली व्यवस्था और मेट्रो सेवाएं पूरी तरह बहाल कर दी गईं।