ब्रिटेन के वॉल्सॉल (Walsall) में 20 वर्षीय भारतीय मूल की एक महिला के साथ नस्लीय भेदभाव से प्रेरित रेप की वारदात ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। वेस्ट मिडलैंड्स पुलिस ने रविवार को बताया कि यह घटना शनिवार शाम पार्क हॉल इलाके में हुई, जब स्थानीय निवासियों ने सड़क पर एक महिला को “बेहद परेशान हालत में” देखा और पुलिस को सूचित किया।
पुलिस ने इसे “रेसिस्ट मोटिवेटेड सेक्शुअल असॉल्ट” (नस्लीय भेदभाव से प्रेरित यौन हमला) करार दिया है और संदिग्ध की पहचान में मदद के लिए जनता से अपील की है। जांच कर रही टीम ने CCTV फुटेज जारी किया है, जिसमें संदिग्ध व्यक्ति को हमले से पहले और बाद के समय में इलाके में घूमते देखा जा सकता है।
वेस्ट मिडलैंड्स पुलिस के डिटेक्टिव सुपरिटेंडेंट (DS) रोनन टायरर ने कहा,
“यह एक बेहद भयावह अपराध है। हमारी पूरी जांच टीम आरोपी को पकड़ने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है। हम जनता से अपील करते हैं कि अगर किसी ने उस रात किसी संदिग्ध व्यक्ति को देखा या CCTV में कुछ असामान्य रिकॉर्ड हुआ है, तो तुरंत हमें सूचित करें।”
पुलिस के अनुसार, पीड़िता फिलहाल सुरक्षित स्थान पर है और उसे विशेषज्ञ टीम द्वारा सहायता दी जा रही है। उसकी मेडिकल जांच पूरी कर ली गई है और अपराध स्थल से मिले सबूतों को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है।
स्थानीय समुदाय में इस घटना के बाद भय और आक्रोश दोनों देखने को मिल रहे हैं। वॉल्सॉल में रहने वाले भारतीय और दक्षिण एशियाई समुदाय के लोग इस हमले को “नस्लीय नफरत से प्रेरित जघन्य अपराध” बता रहे हैं। स्थानीय हिंदू और सिख संगठनों ने पुलिस से त्वरित कार्रवाई और कड़ी सज़ा की मांग की है।
ब्रिटेन के इक्वैलिटी एंड ह्यूमन राइट्स कमीशन ने भी इस मामले पर चिंता जताई है। संस्था ने कहा है कि देश में पिछले कुछ वर्षों में हेट-क्राइम (घृणा अपराध) और रेसिस्ट अटैक के मामलों में वृद्धि हुई है, जिससे प्रवासी समुदायों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल उठते हैं।
रिपोर्ट्स के अनुसार, संदिग्ध व्यक्ति 25 से 35 वर्ष की उम्र का, औसत कद-काठी वाला और गहरे बालों वाला बताया गया है। पुलिस ने कहा है कि उसे आखिरी बार पार्क हॉल रोड के पास देखा गया था। आसपास के घरों और दुकानों के CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है और इलाके में अतिरिक्त गश्त भी बढ़ा दी गई है।
डिटेक्टिव टायरर ने कहा कि “हम समझते हैं कि यह घटना समुदाय के लिए गहरी चिंता का विषय है। हमारी प्राथमिकता पीड़िता की सुरक्षा और न्याय सुनिश्चित करना है।”
ब्रिटेन में पिछले कुछ वर्षों में भारतीय मूल की महिलाओं पर हमलों की कुछ और घटनाएं भी दर्ज की गई हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे अपराधों में रेसिज्म और जेंडर वायलेंस का मिश्रण अक्सर देखने को मिलता है।
पुलिस ने जनता से अपील की है कि जिस किसी के पास भी संदिग्ध से जुड़ी कोई जानकारी या वीडियो हो, वह तुरंत वेस्ट मिडलैंड्स पुलिस के क्राइम यूनिट से संपर्क करे या 101 नंबर पर कॉल करे।
यह मामला ब्रिटिश समाज में फिर से यह बहस छेड़ रहा है कि क्या प्रवासी समुदायों की सुरक्षा को लेकर अभी और सख्त कदम उठाने की ज़रूरत है।