बिहार विधानसभा चुनाव-2025 का दूसरा चरण, जो 11 नवम्बर को होने वाला है, धन-बल और बाहुबल के बोलबाले का स्पष्ट संकेत दे रहा है. बिहार इलेक्शन वॉच और ADR की एक विस्तृत विश्लेषण रिपोर्ट के मुताबिक, इस चरण में करोड़पति उम्मीदवारों की संख्या रिकॉर्ड तोड़ रही है.
बिहार विधानसभा चुनाव-2025 का दूसरा चरण, जो 11 नवम्बर को होने वाला है, धन-बल और बाहुबल के बोलबाले का स्पष्ट संकेत दे रहा है. बिहार इलेक्शन वॉच और ADR की एक विस्तृत विश्लेषण रिपोर्ट के मुताबिक, इस चरण में करोड़पति उम्मीदवारों की संख्या रिकॉर्ड तोड़ रही है, वहीं आपराधिक पृष्ठभूमि वाले दावेदार भी बड़ी संख्या में मैदान में हैं.
32% उम्मीदवारों पर आपराधिक मामले
बिहार इलेक्शन वॉच और ADR ने दूसरे चरण के 122 निर्वाचन क्षेत्रों में चुनाव लड़ रहे 1297 उम्मीदवारों के शपथपत्रों का विश्लेषण किया है. रिपोर्ट बताती है कि राजनीति के अपराधीकरण का मुद्दा अभी भी गंभीर बना हुआ है. विश्लेषण किए गए 1297 में से 415 उम्मीदवारों (32%) ने अपने ऊपर आपराधिक मामले घोषित किए हैं. इनमें से 341 उम्मीदवारों (26%) ने अपने ऊपर गंभीर आपराधिक मामले घोषित किए हैं. 19 उम्मीदवारों ने अपने ऊपर हत्या से सम्बंधित मामले स्वयं घोषित किए हैं.
दूसरे चरण में, 73 निर्वाचन क्षेत्र (60%) संवेदनशील हैं, क्योंकि यहां तीन या उससे ज़्यादा उम्मीदवारों ने अपने खिलाफ आपराधिक मामले घोषित किए हैं.
करोड़पतियों का बोलबाला: औसत संपत्ति ₹3.44 करोड़
दूसरे चरण के मतदान में अमीर उम्मीदवारों की संख्या चौंकाने वाली है. सभी बड़े राजनीतिक दलों ने बड़ी संख्या में करोड़पति उम्मीदवार मैदान में उतारे हैं.
करोड़पति उम्मीदवार: दूसरे फेज में 1297 में से 562 उम्मीदवार (43%) करोड़पति हैं.
औसत संपत्ति: चुनाव मैदान में उतरे उम्मीदवारों के पास औसतन 3.44 करोड़ रुपये की संपत्ति है.
शीर्ष 3 सबसे अमीर उम्मीदवार
- सबसे अमीर उम्मीदवार पश्चिम चम्पारण जनपद के लौरिया चुनाव क्षेत्र से विकासशील इंसान पार्टी के प्रत्याशी रण कौशल प्रताप सिंह हैं, जिनकी कुल संपत्ति 368 करोड़ रुपये है.
- दूसरे सबसे अमीर उम्मीदवार गया जनपद के गुरुआ चुनाव क्षेत्र में राष्ट्रीय लोक जनशक्ति पार्टी के प्रत्याशी नितीश कुमार हैं, जिनकी कुल संपत्ति 250 करोड़ रुपये है.
- तीसरे स्थान पर गया जनपद की ही बेलागंज सीट पर जेडीयू की उम्मीदवार मनोरमा देवी हैं, जिनकी कुल संपत्ति 75 करोड़ रुपये से कुछ ज्यादा है.
सबसे कम संपत्ति वाले दावेदार
जहां एक ओर अरबों की संपत्ति वाले उम्मीदवार हैं, वहीं कुछ ऐसे भी हैं जिन्होंने नाममात्र की संपत्ति घोषित की है:
शून्य संपत्ति: पीरपैंती निर्वाचन क्षेत्र से बसपा उम्मीदवार सुनील कुमार चौधरी ने अपनी संपत्ति शून्य घोषित की है.
सबसे कम: गया के वजीरगंज सीट पर मूलनिवासी समाज पार्टी के उम्मीदवार सुरेश राजवंशी ने सिर्फ एक हज़ार रुपये की संपत्ति डिक्लेअर की है.
इसके अलावा, मधुबनी जनपद की बेनीपट्टी सीट पर स्वतंत्र उम्मीदवार पंकज कुमार राम और पूर्वी चम्पारण की पिपरा सीट पर स्वतंत्र उम्मीदवार राजमंगल प्रसाद ने सिर्फ दो-दो हज़ार रुपये की संपत्ति डिक्लेअर की है.
महिला भागीदारी: निराशाजनक 10%
बिहार इलेक्शन वॉच के मुताबिक, दूसरे चरण के चुनाव में महिला उम्मीदवारों की भागीदारी निराशाजनक रही. इस चरण में 133 महिला उम्मीदवार चुनाव मैदान में हैं, जो कुल उम्मीदवारों का सिर्फ 10% है.